नई दिल्ली। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हैदराबाद हाउस में बेहद खास मीटिंग की। इस खास बैठक के बाद पीएम मोदी ने साझा बयान जारी करते हुए कहा कि भारत और रूस की दोस्ती बिल्कुल ध्रुव तारे की तरह है। उन्होंने यह भी बताया कि रूस और भारत के बीच कैसे समय आगे बढ़ने के साथ-साथ दोस्ती भी गहरी होती गई। बता दें कि शाम के समय कई अहम बैठकें करने के बाद व्लादिमीर पुतिन आज देर रात ही रूस के लिए रवाना हो जाएंगे।
पुतिन चार साल बाद भारत की दो दिन की राजकीय यात्रा पर आए हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और प्रधानमंत्री मोदी ने उनका स्वागत किया। इस दौरान विदेश मंत्री एस. जयशंकर, दिल्ली के उपराज्यपाल वी. के. सक्सेना, सीडीएस जनरल अनिल चौहान और दोनों देशों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। रूस की ओर से रक्षा मंत्री आंद्रे बेलोउसौफ़ और क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव सहित शीर्ष अधिकारी पुतिन के साथ आए हैं। भारत और रूस के बीच कोऑपरेशन और माइग्रेशन, हेल्थकेयर और मेडिकल एजुकेशन, फूड सेफ्टी और स्टैंडर्ड्स, पोलर शिप्स और मैरीटाइम कोऑपरेशन और फर्टिलाइजर पर अहम समझौते हुए हैं।
इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि , आज राष्ट्रपति पुतिन और मुझे इंडिया-रशिया बिजनेस फोरम में शामिल होने का अवसर मिलेगा। मुझे विश्वास है कि ये मंच हमारे बिजनेस संबंधों को नई ताकत देगा। इससे एक्सपोर्ट, को-प्रोडक्शन और को-इनोवेशन के नए दरवाजे भी खुलेंगे। दोनों देशों के बीच कनेक्टिविटी बढ़ाना हमारी मुख्य प्राथमिकता है। हम आईएनएसटीसी, नॉर्दर्न सी रूट, चेन्नई–व्लादिवोस्तोक कॉरिडोर पर नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ेंगे। पीएम मोदी ने राष्ट्रपति पुतिन का तारीफ करते हुए कहा कि आपकी यह यात्रा बहुत ऐतिहासिक है। 2001 में जब आपने कार्यभार संभाला था और पहली बार भारत आए थे, उस यात्रा को 25 साल हो गए हैं। उसी पहली यात्रा में हमारी रणनीतिक साझेदारी की मजबूत नींव रखी गई थी।
पुतिन ने क्या कुछ कहा….
भारत के दौरे पर आए रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान के बाद कहा कि वो और मोदी ने कई बार आपस में बातचीत की है। हम लोग टेलीफोन पर कई अहम मुद्दों पर बातचीत करते रहते हैं। रूस और भारत के आपसी संबंध काफी मजबूत हैं। हमारे आपसी रिश्ते अर्थव्यवस्था से जुड़े मुद्दों समेत कई जगह मजबूत हो रहे हैं। हमारा व्यापार रुबल और रूपये में हो रहा है। हम ‘मेक इन इंडिया’ में सहयोग करेंगे। दोनों देश लॉजिस्टिक रूट बनाने पर भी चर्चा कर रहे हैं। हम हिंद महासागर के रूट पर भी बात कर रहे हैं। हम मेक इन इंडिया प्रोग्राम में भी सहायता को तैयार हैं जो पीएम नरेंद्र मोदी के दिल के करीब है। पुतिन ने अपने बयान में आगे कहा, कि “हम ट्रेड, निवेश और तकनीक को लेकर बातचीत आगे बढ़ा रहे हैं। रूस और इंडियन इकोनॉमिक सहयोग संगठन आपस में मिलकर काम कर रहे हैं।
ऊर्जा पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि रूस, भारत को ‘बिना रुकावट ईंधन की सप्लाई’ जारी रखने के लिए तैयार है। अमेरिका भारत पर रूस से तेल खरीद बंद करने का दबाव डालता रहा है। पुतिन ने अपने भाषण में उस ‘फ़्लैगशिप प्रोजेक्ट’ का भी ज़िक्र किया, जिसमें रूस भारत का सबसे बड़ा परमाणु ऊर्जा संयंत्र बनाने में मदद कर रहा है। उन्होंने कहा कि आज रशिया टुडे(आरटी) न्यूज़ नेटवर्क के भारत ब्यूरो की शुरुआत से भारतीय लोगों को रूस के बारे में ज़्यादा जानने का मौका मिलेगा। पुतिन कहा कि आरटी भारत में ‘निष्पक्ष और तथ्य आधारित जानकारी’ प्रसारित करेगा, जिससे लोगों को पता चलेगा कि रूस में क्या हो रहा है। उन्होंने विदेश नीति पर भारत-रूस के सहयोग का ज़िक्र भी किया। पुतिन ने कहा कि भारत और रूस, ब्रिक्स देशों के साथ मिलकर एक ‘ज्यादा न्यायपूर्ण’ और ‘बहुध्रुवीय दुनिया’ की दिशा में काम कर रहे हैं। पुतिन ने यह भी कहा कि दोनों देश रक्षा और सैन्य क्षेत्र में भी मजबूत सहयोग कर रहे हैं। राष्ट्रपति पुतिन ने कहा कि हम सिर्फ तेल गैस की बात करने भारत नहीं आए हैं, हम भारत के साथ हर क्षेत्र में रिश्ते और व्यापार बढ़ाना चाहते हैं।
