बिहार विधानसभा का आगामी सत्र ऐतिहासिक होने जा रहा है। 18वीं विधानसभा का पहला सत्र 1 दिसंबर से शुरू होगा और इस दौरान सदन पूरी तरह से डिजिटल हो जाएगा। नेशनल ई-विधान एप्लीकेशन (NeVA) योजना के तहत विधानसभा की कार्यवाही को कागज रहित (Paperless) बनाया जा रहा है। अब विधायक सदन में सवाल पूछने और पूरक प्रश्न पूछने के लिए Tablet का इस्तेमाल करेंगे, जिससे कागज़ का उपयोग लगभग समाप्त हो जाएगा।
18वीं बिहार विधानसभा का सत्र 1 दिसंबर से शुरु होगा। 5 दिसंबर तक सदन की कार्यवाही चलेगी। जानकारी अनुसार 18वीं बिहार विधानसभा के सत्र से ही सदन पूरी तरह पेपरलेस मोड में काम करेगा। विधायकों की सीटों पर नए डिजिटल टैब लगा दिए गए हैं जिनसे वे सवाल, पूरक तथा अन्य संसदीय कार्यवाही को संभालेंगे। ‘नेवा योजना’ (नेशनल ई-विधान एप्लिकेशन) के तहत सदन के अंदर कागज के उपयोग को न्यूनतम करने की दिशा में यह बड़ा बदलाव है।
शुक्रवार को विधानसभा परिसर में टैब इंस्टॉल करने का काम लगभग पूरा हो गया। विधानपरिषद में यह व्यवस्था पहले ही लागू की जा चुकी है। बता दें कि नए निर्वाचित 18वीं विधानसभा के सदस्य इस पेपरलेस सिस्टम का लाभ लेने वाले पहले विधायक होंगे। विधानपरिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह ने सत्र के दौरान सुरक्षा और प्रबंधन को लेकर विभागों को सतर्क रहने का निर्देश दिया।
सत्र का पूरा कार्यक्रम :
1 दिसंबर: नवनिर्वाचित विधायकों का शपथ ग्रहण
2 दिसंबर: विधानसभा अध्यक्ष का निर्वाचन
3 दिसंबर: सेंट्रल हॉल में दोनों सदनों की संयुक्त बैठक एवं राज्यपाल का अभिभाषण
4 दिसंबर: अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव व सरकार का जवाब
5 दिसंबर: द्वितीय अनुपूरक व्यय विवरणी पर चर्चा और विनियोग विधेयक
